केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद जहां कई फिल्मी हस्तियों ने सोशल मीडिया पर अपनी प्रतिक्रिया दी, वहीं अभिनेत्री श्वेता तिवारी का एक पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है। श्वेता ने अपने पोस्ट में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) से पंजाब के शिक्षा मंत्री के खिलाफ भी विरोध प्रदर्शन करने की मांग की है।
अभिजीत दीपके का वीडियो किया शेयर
श्वेता तिवारी ने सोशल मीडिया पर अभिजीत दीपके का एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह दिल्ली में धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर खुशी जताते नजर आ रहे हैं। वीडियो में अभिजीत कहते हैं, "देखिए, धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा हो गया है। अगर अब आप सरकार के सामने झुकेंगे नहीं, तो अच्छे-अच्छों के इस्तीफे ले सकते हैं।"
श्वेता ने CJP से पूछा सवाल
इस वीडियो को शेयर करते हुए श्वेता तिवारी ने लिखा, "अब पंजाब के एजुकेशन मिनिस्टर कब रिजाइन देंगे? और अब वहां आप कब प्रोटेस्ट करने वाले हो, कॉकरोच जनता पार्टी?" उनका यह पोस्ट सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और इस पर लोगों की अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
पंजाब के शिक्षा मंत्री पर क्यों उठ रहे हैं सवाल?
पंजाब में फार्मेसी ऑफिसर भर्ती परीक्षा में कथित गड़बड़ी को लेकर कांग्रेस, भाजपा और शिरोमणि अकाली दल लगातार राज्य सरकार को घेर रहे हैं। विपक्ष शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस के इस्तीफे की मांग कर रहा है। बताया जा रहा है कि 454 फार्मेसी ऑफिसर पदों के लिए आयोजित परीक्षा में करीब 7,000 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। परीक्षा में कथित अनियमितताओं के आरोप सामने आने के बाद कई लोगों की गिरफ्तारी भी हुई।
हरजोत सिंह बैंस ने इस्तीफे की पेशकश की
रिपोर्ट्स के मुताबिक, मामले के सामने आने के बाद हरजोत सिंह बैंस ने अपने इस्तीफे की पेशकश भी की। वहीं विपक्ष का आरोप है कि राज्य में परीक्षा से जुड़े मामलों में प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है।
हरसिमरत कौर बादल ने सरकार पर साधा निशाना
शिरोमणि अकाली दल की सांसद हरसिमरत कौर बादल ने आम आदमी पार्टी सरकार पर निशाना साधते हुए दावा किया कि पिछले चार वर्षों में छह पेपर लीक की घटनाएं हुई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली में शिक्षा व्यवस्था पर बड़ी-बड़ी बातें की जाती हैं, लेकिन पंजाब में कथित परीक्षा अनियमितताओं पर पर्याप्त कार्रवाई नहीं की जा रही।
धर्मेंद्र प्रधान ने इस्तीफे में क्या लिखा?
धर्मेंद्र प्रधान ने प्रधानमंत्री को भेजे अपने इस्तीफे में लिखा कि पिछले कुछ दिनों की घटनाओं ने उन्हें गहराई से व्यथित किया है। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल उनके व्यक्तिगत सम्मान का नहीं, बल्कि देश के युवाओं के भविष्य से जुड़ा है।उन्होंने अपने पत्र में कहा कि इसी भावना के साथ उन्होंने पद छोड़ने का निर्णय लिया।