मसौढ़ी: राज्यव्यापी विरोध कार्यक्रम के तहत भाकपा (माले) के कार्यकर्ताओं ने मसौढ़ी में केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने विभिन्न मांगों को लेकर मार्च निकाला और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
शिक्षा नीतियों के खिलाफ जताया विरोध
प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार की शिक्षा नीतियों का विरोध करते हुए आरोप लगाया कि ये नीतियां छात्रों के हित में नहीं हैं। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में सुधार और छात्र हितों की रक्षा की मांग की।
गिरफ्तार आंदोलनकारियों की रिहाई की मांग
भाकपा (माले) नेताओं ने हाल के छात्र आंदोलनों के दौरान गिरफ्तार किए गए छात्र संगठनों के नेताओं तथा पालीगंज से विधायक संदीप सौरव की रिहाई की मांग की। साथ ही प्रदर्शनकारियों ने उनके खिलाफ दर्ज मामलों को "फर्जी" बताते हुए उन्हें वापस लेने की मांग की।
प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के इस्तीफे की भी मांग
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और प्रधानमंत्री तथा केंद्रीय गृह मंत्री से इस्तीफे की मांग भी उठाई। यह मांग प्रदर्शनकारी संगठन की ओर से रखी गई।
पूर्व विधायक गोपाल रविदास ने किया नेतृत्व
प्रदर्शन का नेतृत्व फुलवारीशरीफ विधानसभा के पूर्व विधायक गोपाल रविदास और भाकपा (माले) नेता कमलेश कुमार ने किया। इस दौरान बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता, छात्र और युवा प्रदर्शन में शामिल हुए।
माले कार्यालय से तारेगणा स्टेशन तक निकला मार्च
प्रदर्शनकारी माले कार्यालय से जुलूस के रूप में निकले और मुख्य सड़क होते हुए तारेगणा स्टेशन परिसर तक पहुंचे। पूरे मार्ग में प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए।