बिहार में शिक्षकों के ट्रांसफर-पोस्टिंग को लेकर शिक्षा विभाग ने प्रक्रिया तेज कर दी है। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी के मुताबिक, राज्य में सभी प्रकार के शिक्षकों के स्थानांतरण की प्रक्रिया 31 अक्टूबर तक पूरी करने का लक्ष्य रखा गया है। पहले चरण में एक लाख से अधिक शिक्षकों में से 73 हजार से ज्यादा शिक्षक ऑनलाइन आवेदन कर चुके हैं।
10 अगस्त के बाद शुरू होगी ट्रांसफर प्रक्रिया
शिक्षा मंत्री ने बताया कि प्राप्त ऑनलाइन आवेदनों के आधार पर 10 अगस्त के बाद स्थानांतरण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। विभाग की ओर से आवेदन और स्थानांतरण की पूरी प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुसार आगे बढ़ाई जाएगी।
पटना में अधिकारियों की दो दिवसीय बैठक
ट्रांसफर-पोस्टिंग प्रक्रिया में किसी तरह की गड़बड़ी या भ्रम की स्थिति न बने, इसके लिए पटना में संबंधित पदाधिकारियों की दो दिवसीय बैठक बुलाई गई है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि स्थानांतरण के लिए तय नियमों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित किया जाए।
17 सितंबर से खुलेगा जनरल ट्रांसफर का पोर्टल
शिक्षा मंत्री के अनुसार, सामान्य स्थानांतरण यानी जनरल ट्रांसफर के लिए 17 सितंबर से पोर्टल खोला जाएगा। इच्छुक शिक्षक ऑनलाइन माध्यम से आवेदन कर सकेंगे। प्राप्त आवेदनों पर निर्धारित नियमों के तहत विचार किया जाएगा।
5 साल से एक जगह तैनात शिक्षकों का होगा ट्रांसफर
विभाग ने स्पष्ट किया है कि पांच वर्ष से अधिक समय से एक ही स्थान पर पदस्थापित शिक्षकों का स्थानांतरण स्वतः किया जाएगा। इसके अलावा लंबे समय से अपने ही ब्लॉक में पदस्थापित शिक्षकों के स्थानांतरण की प्रक्रिया भी की जाएगी।
महिला शिक्षकों के लिए भी विशेष प्रावधान
महिला शिक्षकों के स्थानांतरण को लेकर भी प्रावधान किया गया है। जानकारी के मुताबिक, महिला शिक्षकों का स्थानांतरण उनकी ही पंचायत के दायरे में किए जाने की व्यवस्था होगी। इसके लिए उन्हें निर्धारित समय पर पोर्टल के जरिए आवेदन करना होगा।
नियमों के तहत चरणबद्ध तरीके से होगी प्रक्रिया
शिक्षा मंत्री ने कहा कि शिक्षकों के ट्रांसफर-पोस्टिंग की पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से और निर्धारित नियमों के अनुसार चरणबद्ध ढंग से पूरी की जाएगी। विभाग का लक्ष्य है कि तय समयसीमा के भीतर सभी शिक्षकों के स्थानांतरण की प्रक्रिया पूरी कर ली जाए।