आज के डिजिटल दौर में लोग ईमेल के जरिए बैंकिंग डिटेल्स, पासवर्ड, निजी दस्तावेज और अन्य संवेदनशील जानकारी साझा करते हैं। ऐसे में डेटा सुरक्षा को लेकर चिंता होना स्वाभाविक है। इसी जरूरत को ध्यान में रखते हुए Google Gmail में एक खास फीचर उपलब्ध कराता है, जिसे आमतौर पर 'सेल्फ-डिस्ट्रक्ट ईमेल' फीचर कहा जाता है।
क्या है Gmail का Confidential Mode?
दरअसल, यह सुविधा Gmail के Confidential Mode का हिस्सा है। इसकी मदद से यूजर्स किसी भी ईमेल पर एक्स्ट्रा सिक्योरिटी लेयर लगा सकते हैं और यह तय कर सकते हैं कि सामने वाला व्यक्ति उस ईमेल को कितने समय तक देख पाएगा।
एक्सपायरी डेट सेट करने की सुविधा
Confidential Mode की सबसे खास बात यह है कि इसमें ईमेल के लिए एक्सपायरी डेट सेट की जा सकती है। निर्धारित समय पूरा होने के बाद रिसीवर उस ईमेल को एक्सेस नहीं कर पाएगा। इतना ही नहीं, ईमेल भेजने वाला व्यक्ति चाहे तो एक्सपायरी डेट खत्म होने से पहले भी उसकी एक्सेस तुरंत रद्द कर सकता है।
SMS पासकोड से मिलेगी अतिरिक्त सुरक्षा
Gmail के इस फीचर में SMS Passcode का विकल्प भी दिया गया है। यदि यूजर इस विकल्प को चुनता है, तो ईमेल खोलने के लिए रिसीवर को उसके मोबाइल नंबर पर भेजा गया OTP दर्ज करना होगा। इससे संवेदनशील जानकारी को अतिरिक्त सुरक्षा मिलती है और अनधिकृत एक्सेस का खतरा कम हो जाता है।
कैसे करें Confidential Mode का इस्तेमाल?
Gmail में इस फीचर का इस्तेमाल करना बेहद आसान है।
- Gmail ऐप या वेबसाइट पर जाकर नया ईमेल कंपोज करें।
- अब लॉक आइकन या "Turn on Confidential Mode" विकल्प पर क्लिक करें।
- अपनी जरूरत के अनुसार एक्सपायरी डेट चुनें, जो 1 दिन से लेकर 5 साल तक हो सकती है।
- अतिरिक्त सुरक्षा के लिए SMS Passcode विकल्प का चयन करें।
- इसके बाद सामान्य तरीके से ईमेल भेज दें।
बाद में भी हटा सकते हैं एक्सेस
अगर ईमेल भेजने के बाद आप उसकी एक्सेस रोकना चाहते हैं, तो Gmail के Sent Mail सेक्शन में जाएं। वहां "Remove Access" विकल्प पर क्लिक करके सामने वाले की ईमेल एक्सेस तुरंत बंद की जा सकती है।
संवेदनशील जानकारी शेयर करने वालों के लिए फायदेमंद फीचर
जो लोग नियमित रूप से महत्वपूर्ण दस्तावेज, वित्तीय जानकारी या निजी डेटा ईमेल के जरिए साझा करते हैं, उनके लिए Gmail का Confidential Mode बेहद उपयोगी साबित हो सकता है। यह फीचर आपकी जानकारी को अधिक सुरक्षित रखने में मदद करता है और ईमेल पर बेहतर नियंत्रण देता है।